ऐसे होगा ब्लड प्रेशर पर नियंत्रण  

Share:

blood pressure controlजैसे ही ब्लड प्रेशर बढ़े होने का पता चलता है, वैसे ही मन में तरह-तरह की चिंता होने लगती है। लगता है कि जैसे अब सारी उम्र परहेजों की गुलामी करते रहना पड़ेगा और दवाओं से पीछा नहीं छूटने वाला। लेकिन सच यह है कि जीवन में थोड़ा-सा संयम, थोड़ा-सा अनुशासन और पॉजीटिव सोच लाने से बढ़े हुए ब्लड प्रेशर को आसानी से कंट्रोल में किया जा सकता है। 

वजन घटाइए: अगर वजन अधिक है तो उसे किसी भी तरह हेल्दी लिमिट में लाने की कोशिश करें। नपा-तुला खाएं और खूब चलें-फिरें। वजन घटाने से सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर पर जादुई असर पड़ता है। हर 10 किलो वजन घटाने से ब्लड प्रेशर में 5-20 मिलीमीटर मरक्यूरी तक की कमी होती देखी गई है।

 हेल्दी फूड के गुण : रिसर्च मे पाया है कि हमारे खानपान का ब्लड प्रेशर से गहरा रिश्ता है। भोजन जितना नेचुरल वैजीटेबल से युक्त हो और जितना कम फैट हो उतना ही अच्छा  है। मायने ये कि खूब ताजे फल और शाक-सब्जियां खाएं। शुद्घ दूध की बजाय टोंड दूध पीएं। भोजन में फैट की कुल मात्रा घटा दें। खानपान संबंधी इन सरल नियमों को जीवन में जितना जल्दी उतार लें, उतना ही ब्लड प्रेशर पर स्वस्थ असर पड़ेगा। इतना भर करने से सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर 8-14 अंक तक घट सकता है।

नमक का हिसाब रखें : हाई ब्लड प्रेशर के 40-50% रोगियों में नमक घटाने से ब्लड प्रेशर पर अनुकूल प्रभाव पड़ता है। दिनभर में 2.4 ग्राम सोडियम या 6 ग्राम नमक लेना ही वाजिब है। मायने ये कि दाल-सब्जी में  सामान्य नमक और अचार, पापड़, नमकीन और ऊपर से नमक छिड़कने पर पूरी-पूरी कटौती! सोडियम- सेंसेटिव मरीजों में नमक पर नजर रखने से ब्लड प्रेशर मे 2-8 अंक की घटत होती देखी गई है। मगर 50-60 प्रतिशत मरीजों में नमक घटाने का कोई लाभ नहीं नजर आता। यह देखने के लिए कि नमक घटाना फायदेमंद है कि नहीं, तीन महीने तक संयम बरत कर देखें। ब्लड प्रेशर घटता दिखे तो लाभ मानिए, वरना रोक-टोक का कोई लाभ नहीं। 

एल्कॉहल से दूरी ही भली : एल्कॉहल की इच्छा रखते हैं तो उसे लीमिट में ही लें। पुरुष दिन में अधिक से अधिक 60 एमएल और फीमेल अधिक से अधिक 30 एमएल एल्कॉहल ले सकती हैं। एल्कॉहल पर रोक लगाने से ब्लड प्रेशर 2-4 अंक घट सकता है।  

स्ट्रेस फ्री रहने की कोशिश करें : कार्यशैली में पॉजीटिव चेंज, योग, ध्यान, हँसना-खेलना के लिए समय देना और हर छह महीने-साल बाद छुट्टी पर जाना तनाव को घटाने के प्रेक्टिकल उपाय हैं।

स्मोकिंग छोड़ना होगा सही : स्मोकिंग छोड़ने से ब्लड प्रेशर नहीं घटता, लेकिन विभिन्न अंगों पर पड़ने वाले ब्लड प्रेशर के बुरे असर जैसे ऐंजाइना, दिल का दौरा और ब्रेनस्ट्रोक की दर में महत्वपूर्ण कमी लाने में मदद मिलती है।

कुछ परहेज भी हैं जरूरी : कई चीजें या तो ब्लड पे्रशर को सीधे बढ़ा देती हैं या उन्हें लेने से बढ़ा हुए ब्लड प्रेशर रोकने वाली दवाओं का असर कमजोर हो जाता है। इनमें मुलेठी, दर्द-निवारक दवाएं और एल्कॉहल इसी लिस्ट मे आते हैं। उनसे परहेज बरतें या उन्हें लिमीट में ही लें। 

रखिए इनका ध्यान

रोजाना व्यायाम करें। रोज कम से कम 30 मिनट तेज गति से चलें, जोगिंग करें, तैराकी करें या जिम जा कर ऐरोबिक एक्सरसाइज कर सकते हैं।  

घर-ऑफिस में भी चुस्ती से काम करें, सीढ़ि़यां चढें, दूसरे काम करें। हर काम के लिए किसी ओर का सहारा लेना ठीक नहीं। शारीरिक चुस्ती-फुर्ती ब्लड प्रेशर मे 4-9 अंकों का सुधार ला सकती है

Share:

Leave a reply